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Question

Read the following passage and answer the question that follows. 

Egalitarianism is a trend of thought in political philosophy. An egalitarian favours equality of some sort: People should get the same, or be treated the same, or be treated as equals, in some respect. An alternative view expands on this last-mentioned option: People should be treated as equals, should treat one another as equals, should relate as equals, or enjoy an equality of social status of some sort. Egalitarian doctrines tend to rest on a background idea that all human persons are equal in fundamental worth or moral status. Egalitarianism is a protean doctrine, because there are several different types of equality, or ways in which people might be treated the same, or might relate as equals, that might be thought desirable. 

Q. Which of the following is correct with reference to the passage above?

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर प्रश्न का उत्तर दें:

समतावाद राजनीतिक दर्शन में विचार की एक प्रवृत्ति है।समतावादी कुछ प्रकार की समानता का समर्थन करते हैं:लोगों को समान अवसर मिलना चाहिए या उनके साथ समानता का व्यवहार किया जाना चाहिए या कुछ मामलों में बराबरी का व्यवहार किया जाना चाहिए।एक वैकल्पिक दृष्टिकोण अंतिम उल्लिखित विकल्प का विस्तार करता है:लोगों के साथ बराबरी का व्यवहार किया जाना चाहिए,एक व्यक्ति को दूसरे के बराबर मानना चाहिए,उनका वर्णन बराबरी के रूप में होना चाहिए,या उन्हें सामाजिक स्थिति में बराबरी का अधिकार प्राप्त होना चाहिए।समतावादी सिद्धांत उस विचारधारा पर आधारित है जिसमें सभी मानव मौलिक मूल्यों या नैतिक स्थिति में समान हैं।समतावाद एक विभिन्नरूपी सिद्धांत है, क्योंकि कई अलग-अलग प्रकार की समानताएं हैं, या ऐसे तरीके हैं जिनसे लोगों के साथ समानता का व्यवहार किया जा सकता है, या उनका वर्णन समानता के रूप में किया जा सकता है, जिसे वांछनीय माना जा सकता है।

Q. उपरोक्त गद्यांश के संदर्भ में निम्नलिखित में कौन-सा कथन सही है?


 

  1. Egalitarian view is that people should be treated the same or as equals in all respects.
    समतावादी दृष्टिकोण यह है कि सभी मामलों में लोगों के साथ एक जैसा या बराबरी का व्यवहार किया जाना चाहिए।

  2. Equality in moral status or fundamental worthiness is the idea   Egalitarianism built upon.
    नैतिक स्थिति या मौलिक योग्यता में समानता वह विचार है जिस पर समतावाद आधारित है।

  3. Implementation of the Egalitarian movement requires an extensive deconstruction of society to remove all instances of inequality present in it.
    समतावादी आंदोलन के क्रियान्वयन के लिए समाज की व्यापक विसंरचना की आवश्यकता है जिससे समाज में मौजूद असमानता के सभी मामलों को दूर किया जा सके।

  4. Egalitarianism is a desirable trend because it is a protean doctrine.
    समतावाद एक वांछनीय प्रवृत्ति है क्योंकि यह एक विभिन्नरूपी सिद्धांत है।


Solution

The correct option is B
Equality in moral status or fundamental worthiness is the idea   Egalitarianism built upon.
नैतिक स्थिति या मौलिक योग्यता में समानता वह विचार है जिस पर समतावाद आधारित है।
Option (a) is incorrect. In the passage it is mentioned that “People should get the same, or be treated the same, or be treated as equals, in some respect.” not all respects, hence it is wrong.

Option (b) is correct.
This line “Egalitarian doctrines tend to rest on a background idea that all human persons are equal in fundamental worth or moral status” clearly points out that Equality in moral status or fundamental worthiness is the main idea behind Egalitarian concept.

Option (c) is incorrect.
The statement is not relevant to the passage, as the information in the statement is not discussed in the passage, hence it is to be discarded.

Option (d) is incorrect.
It is not mentioned in the passage that the Egalitarian doctrine is desired because it is a protean doctrine. Hence it is incorrect.


विकल्प (a) गलत है।गद्यांश में यह उल्लेख किया गया है कि "लोगों को समान अवसर मिलना चाहिए या उनके साथ समानता का व्यवहार किया जाना चाहिए या कुछ मामलों में बराबरी का व्यवहार किया जाना चाहिए।"सभी मामलों में बराबरी का उल्लेख नहीं है।अतःयह गलत है।

विकल्प (b) सही है। पंक्ति “समतावादी सिद्धांत उस विचारधारा पर आधारित है कि सभी मानव मौलिक मूल्यों या नैतिक स्थिति में समान हैं”,स्पष्ट रूप से बताता है कि नैतिक स्थिति या मौलिक योग्यता में समानता, समतावादी अवधारणा का मुख्य विचार है।

विकल्प (c) गलत है। कथन गद्यांश के लिए प्रासंगिक नहीं है, क्योंकि इस कथन में जो जानकारी दी गयी है उसकी चर्चा गद्यांश में नहीं की गई है।अतः इसे छोड़ देना चाहिए।

विकल्प (d) गलत है।गद्यांश में यह उल्लेख नहीं है कि समतावादी सिद्धांत वांछित है क्योंकि यह एक विभिन्नरूपी सिद्धांत है।अतः यह गलत है।

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